जम्मू कश्मीर में मोहर्रम बना मातम, बिना इजाज़त जुलूस निकालने पर समूह पर पुलिस ने बरसाई गोली

जम्मू कश्मीर में मोहर्रम बना मातम, बिना इजाज़त जुलूस निकालने पर समूह पर पुलिस ने बरसाई गोली
▶️सरकार के दिशानिर्देश के अनुसार इस बार मोहर्रम पर नहीं निकाले जाएंगे जुलूस, लगा रहेगा प्रतिबंध
▶️जम्मू कश्मीर में बिना प्रशासन की इजाज़त के जुलूस निकालना पड़ा महंगा, पुलिस ने बरसाई पैलेट गन
▶️जम्मू कश्मीर पुलिस द्वारा इस कार्य को रोकने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़ने शुरू कर दिए

हाल ही में सरकार द्वारा ये निर्देश दिए गए कि इस बार मुहर्रम के मौके पर ताजिये निकालने की अनुमति नहीं है। लेकिन फिर भी श्रीनगर में एक ऐसा नजारा देखने को मिला जहां बिना प्रशासन से मंजूरी लिए कुछ लोगों का संगठन मोहर्रम का जुलूस निकाल रहे थे। जिसके बाद ये जुलूस रोकने और लोगों को अलग-थलग करने के लिए जम्मू-कश्मीर की पुलिस ने आंसू गैस के गोले और पैलेट गन छोड़ दीए जिसके कारण कई लोग घायल हो गए।

जम्मू कश्मीर में मोहर्रम बना मातम

बता दें कि इस घटना में करीब 19 लोगों के घायल होने की सूचना है। जानकारी के अनुसार कश्मीर के बेमिना इलाके में कुछ लोगों का भीड़ बिना प्रशासन की परमिशन के जुलूस निकाल रहे थे। इस भीड़ में कई लोग शामिल थे जिसमें से 19 लोग बुरी तरह जख्मी हैं।

बता दें कि इस घटना में जो लोग घायल हुए हैं उनके शरीर पर पैलेट गन के छर्रे के निशान हैं। दरअसल सरकार की तरफ से चेतावनी दी गई थी कि कोरोना के कारण इस बार मोहर्रम पर जुलूस व ताजिये निकालने की अनुमति नहीं है। क्योंकि एक जगह से दूसरी जगह जाने से कोरोना का खतरा बढ़ेगा।

लेकिन कुछ लोगों ने कोरोना व सरकार की गाइडलाइंस की अवहेलना करते हुए मोहर्रम के 9वे दिन भीड़ के साथ जुलूस निकाल लिया। घटनास्थल पर मौजूद एक शख्स का कहना है कि, मुहर्रम का जुलूस जैसे ही खुमैनी चौक तक आया वहां रोकने और भगाने का सिलसिला शुरू हो गया, इसी बीच जम्मू कश्मीर पुलिस द्वारा इस कार्य को रोकने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़ने शुरू कर दिए, इतना ही नहीं पुलिस द्वारा पैलेट गन का भी इस्तेमाल किया गया।

नहीं निकाले जाएंगे जुलूल

इसके अलावा शिया बहुल इलाकों में भी टकराव देखने को मिला। सरकार का कहना है कि अभी आगे भी जुलूस निकालने पर प्रतिबंध लगा रहेगा, कोरोना के मद्देनजर ताजिये अगर निकलते हैं तो इससे संक्रमण का खतरा बढ़ेगा। सरकार ने ये साफ किया कि मोहर्रम को बाकी त्योहारों से जोड़कर ना देखा जाए, क्योंकि जुलूस एक जगह से दूसरी जगह जाती है जिससे खतरा बढ़ सकता है।

Juli Kumari

Juli Kumari

जूली एक सिंपल सी लड़की है जिसे खुद सजना और ख़बरों को अपने शब्दों से सजाना बेहद पसंद है। जूली को राजनीति, लाइफस्टाइल और कविताएं लिखने का भी काफी शौक है। आप The Toss News में जूली के लिखे हुए लेखों को पढ़ सकते हैं और पसंद आए तो शेयर भी कर सकते हैं। और एक राज़ की बात बताऊं? कमेंट कर के या हमारे Social Media Platforms पर मेकअप और हेयरस्टाइल टिप्स भी ले सकते हैं।