कोरोना काल में भी कृषि क्षेत्र में होगी 2.5 प्रतिशत की वृद्धि, जीडीपी सुधार में किसान निभाएंगे अहम भूमिका

कोरोना काल में भी कृषि क्षेत्र में होगी 2.5 प्रतिशत की वृद्धि, जीडीपी सुधार में किसान निभाएंगे अहम भूमिका
▶️क्रिसिल की रिपोर्ट बताते हैं कि जल्द ही कृषि क्षेत्र में 2.5 प्रतिशत की वृद्धि की सम्भावना है
▶️कृषि मौजूदा स्थिति में जीडीपी में 14 प्रतिशत का योगदान कर रही है और देश के श्रमिकों के 40 प्रतिशत से अधिक हिस्से को आजीविका प्रदान करती है
▶️कृषि क्षेत्र जीडीपी में अपने योगदान को बढ़ाने में मदद करेगा,व्यापार की स्थिति में भी सुधार देखने को मिलेगा

देशभर में कोरोना मामले जमकर कहर बरपा रहे हैं। हालात तो ऐसे हैं कि कुछ महीनों के लॉकडाउन के कारण देश की जीडीपी निचले पायदान पर पहुंच गई है। ऐसे में फल से लेकर सब्जियों और मसालों तक की कीमत आसमान छू रही है। लेकिन इस महंगाई के इस दौर में किसानों के लिए अच्छी ख़बर आ रही है। जी हां…जानकारी के अनुसार क्रिसिल की रिपोर्ट बताते हैं कि जल्द ही कृषि क्षेत्र में 2.5 प्रतिशत की वृद्धि की सम्भावना है।

किसानों के लिए आई खुशखबरी

कोरोना महामारी से पैदा हुई परेशानियों में कृषि क्षेत्र सकारात्मक संकेत देने वाला क्षेत्र बना हुआ है, इस मामले में एफएआइएफए द्वारा दिए गए बयान के मुताबिक़ कृषि मौजूदा स्थिति में जीडीपी में 14 प्रतिशत का योगदान कर रही है और देश के श्रमिकों के 40 प्रतिशत से अधिक हिस्से को आजीविका प्रदान करती है। ऐसे में सरकार द्वारा दिया गया एक लाख करोड़ रुपये का कृषि फंड देश की जीडीपी बढ़ाने में कारगर साबित होने वाली है, औऱ इसका लाभ खासतौर पर कृषि के मिलने की संभावना है।

Image source- The financial Express

कृषि क्षेत्र में बढ़ोतरी को इस उदाहरण से भी समझ सकते हैं कि, जहां बड़ी बड़ी ऑटो कंपनियाँ एक भी गाड़ी नहीं बेच पाईं वही उसी वक़्त महिंद्रा ने 4718 ट्रैक्टर बेच डाले, हालाँकि ये आँकड़ा बीते साल के मुक़ाबले 83 प्रतिशत कम है लेकिन ये बिक्री 20 अप्रैल के बाद हुई है।

जीडीपी बढ़ाने में मदद करेगा कृषि क्षेत्र

कोरोना के कारण भारत की जीडीपी काफी हद तक गिर गई है। ऐसे में किसान निकाय का कहना है कि, कृषि क्षेत्र जीडीपी में अपने योगदान को बढ़ाने में मदद करेगा,व्यापार की स्थिति में भी सुधार देखने को मिलेगा साथ ही कृषि क्षेत्र की निर्यात को भी सक्षम करने की भी कोशिश करेगा।

इस मामले में नीति आयोग के अर्थशास्त्री रमेश चंद का कहना है कि विपरीत स्तिथि में ही कृषि क्षेत्र में तीन प्रतिशत की वृद्धि हुई है जो की अपने आप में बहुत ही महत्वपूर्ण है और इस साल की जीडीपी में 0.5 फ़ीसदी का योगदान देगी।

जीडीपी में सुधार मुश्किल या आसान

CII की रिपोर्ट और सर्वे की माने तो 45 प्रतिशत कंपनियों के सीईओ का मानना है कि जीडीपी को वापिस पटरी पर लाने में एक साल से भी अधिक का समय लग सकता है जबकि दूसरी और 36 प्रतिशत कंपनियों का मानना है कि 6 महीने से एक साल तक में स्थिति बेहतर हो सकती है।

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Juli Kumari

Juli Kumari

जूली एक सिंपल सी लड़की है जिसे खुद सजना और ख़बरों को अपने शब्दों से सजाना बेहद पसंद है। जूली को राजनीति, लाइफस्टाइल और कविताएं लिखने का भी काफी शौक है। आप The Toss News में जूली के लिखे हुए लेखों को पढ़ सकते हैं और पसंद आए तो शेयर भी कर सकते हैं। और एक राज़ की बात बताऊं? कमेंट कर के या हमारे Social Media Platforms पर मेकअप और हेयरस्टाइल टिप्स भी ले सकते हैं।